जनता के प्यार और भरोसे से विधायक बने सुरेंद्र चौरसिया, देवरिया जिले की राजनीति में लिखी नई विकास गाथा
रामपुर कारखाना विधानसभा आज विकास का मॉडल, सड़क–बिजली–पुल–शिक्षा में रिकॉर्ड कार्य
देवरिया: कहते हैं कि अगर इरादे मजबूत हों, सोच साफ हो और दिल में जनता के लिए सेवा का जज्बा हो, तो कोई भी मुकाम दूर नहीं रहता। इस कहावत को अगर आज के समय में किसी जनप्रतिनिधि ने सच कर दिखाया है, तो वह हैं रामपुर कारखाना विधानसभा के भाजपा विधायक सुरेंद्र चौरसिया।
एक छोटे से गांव से निकलकर, साधारण परिवार में जन्मे सुरेंद्र चौरसिया ने कड़ी मेहनत, संघर्ष और जनसेवा के बल पर वह मुकाम हासिल किया, जहां आज वे हजारों लोगों की उम्मीद बन चुके हैं। विधायक बनने के बाद उन्होंने न सिर्फ अपने क्षेत्र का नाम रोशन किया, बल्कि देवरिया जिले की सातों विधानसभा सीटों में सबसे अधिक विकास कार्य कराकर रामपुर कारखाना को विकास का मॉडल बना दिया।
साधारण परिवार में जन्म, असाधारण सपनों की शुरुआत
सुरेंद्र चौरसिया का जन्म एक साधारण ग्रामीण परिवार में हुआ। बचपन से ही उन्होंने गांव की बदहाल सड़कों, बिजली की आंख-मिचौली, शिक्षा की कमी और स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव को बहुत करीब से देखा। यही अनुभव उनके भीतर बदलाव की चिंगारी बनकर जलता रहा।
जहां कई लोग हालात से समझौता कर लेते हैं, वहीं सुरेंद्र चौरसिया ने हालात बदलने का संकल्प लिया। पढ़ाई के साथ-साथ समाज को समझना, लोगों की समस्याओं को सुनना और उनके समाधान की दिशा में सोचना उनकी दिनचर्या का हिस्सा बन गया।
राजनीति नहीं, जनसेवा को बनाया लक्ष्य
सुरेंद्र चौरसिया राजनीति में सत्ता पाने के लिए नहीं, बल्कि जनसेवा को माध्यम बनाकर समाज को बेहतर बनाने के उद्देश्य से आए। वे शुरू से ही जमीन से जुड़े रहे। गांव-गांव जाकर लोगों से संवाद, चौपालों में बैठकर समस्याएं सुनना और बिना किसी दिखावे के मदद करना उनकी पहचान बनी। यही वजह रही कि धीरे-धीरे क्षेत्र की जनता ने उन्हें अपना नेता मान लिया। वे किसी बड़े परिवार या राजनीतिक विरासत से नहीं आए थे, बल्कि जनता ही उनकी सबसे बड़ी ताकत बनी।
रामपुर कारखाना की जनता ने दिया ऐतिहासिक जनादेश
जब विधानसभा चुनाव आया, तो सुरेंद्र चौरसिया जनता के बीच उम्मीद बनकर उभरे। लोगों ने देखा कि यह वही व्यक्ति है जो सुख-दुख में साथ खड़ा रहा, जिसने कभी वादे नहीं तोड़े।
परिणामस्वरूप, रामपुर कारखाना विधानसभा की जनता ने उन्हें भारी मतों से विजयी बनाकर विधानसभा भेजा। यह जीत सिर्फ एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि जनता के विश्वास और ईमानदार राजनीति की जीत थी।
विधायक बनते ही बदली रामपुर कारखाना की तस्वीर
विधायक बनने के बाद सुरेंद्र चौरसिया ने सबसे पहले क्षेत्र की प्राथमिक समस्याओं को चिन्हित किया। उन्होंने साफ कहा कि अब रामपुर कारखाना को पिछड़ेपन की पहचान से बाहर निकालना है।
1. सड़कों का जाल: विकास की पहली सीढ़ी
रामपुर कारखाना क्षेत्र में वर्षों से जर्जर सड़कें विकास में सबसे बड़ी बाधा थीं। सुरेंद्र चौरसिया ने इसे अपनी प्राथमिकता बनाया।
गांवों को जोड़ने वाली सड़कों का निर्माण
मुख्य मार्गों का चौड़ीकरण
खेतों तक पहुंचने के लिए खड़ंजा और पक्की सड़कें
आज हालात यह हैं कि जहां पहले बरसात में गांव टापू बन जाते थे, वहां अब साल भर आवागमन सुचारू है।
2. बिजली व्यवस्था में ऐतिहासिक सुधार
बिजली की समस्या ग्रामीण क्षेत्रों की सबसे बड़ी परेशानी थी। विधायक सुरेंद्र चौरसिया के प्रयासों से—
नए ट्रांसफार्मर लगाए गए
जर्जर लाइनें बदली गईं
गांवों में बिजली आपूर्ति की अवधि बढ़ी
आज रामपुर कारखाना क्षेत्र में बिजली व्यवस्था पहले से कहीं बेहतर हुई है, जिससे व्यापार, शिक्षा और घरेलू जीवन सभी को राहत मिली है।
3. नदी पर पुल: वर्षों का सपना हुआ साकार
वही रामपुर कारखाना के भटनी रेलवे पुल के ऊपर फ्लावर ओवर साथ ही महुआपाटन पुल छोटी गंडक नदी पर नए पुल का निर्माण होने से कई गांवों के लोगो का काफी सुविधाये मिलेगी इन पुलो के ना होने से स्थानियो लोगो को काफी दिक्कतो का सामना करना पड़ता था,नदी पार करने के लिए मजबूर थे। बरसात के मौसम में हालात और बदतर हो जाते थे।
सुरेंद्र चौरसिया ने नदी पर पुल निर्माण को लेकर लगातार प्रयास किए और आखिरकार यह सपना साकार हुआ।
इस पुल के बनने से—
बच्चों की पढ़ाई आसान हुई
मरीजों को अस्पताल पहुंचने में सुविधा मिली
किसानों को बाजार तक पहुंच मिली
यह पुल सिर्फ कंक्रीट का ढांचा नहीं, बल्कि विकास और सुविधा की जीवनरेखा बन चुका है।
रामपुर कारखाना में ऐतिहासिक नेत्र शिविर: 52 हजार लोगों का हुआ निशुल्क इलाज
रामपुर कारखाना से भाजपा विधायक सुरेंद्र चौरसिया ने अपनी विधानसभा में तीन महीने तक चले निशुल्क नेत्र चिकित्सा शिविर का आयोजन कराया। इस दौरान करीब 52 हजार लोगों की आंखों की जांच की गई और जरूरतमंद मरीजों का निशुल्क आंखों का ऑपरेशन कराया गया।
इस शिविर से खासकर गरीब और बुजुर्ग लोगों को बड़ा लाभ मिला। विधायक सुरेंद्र चौरसिया ने कहा कि जनता की सेवा और स्वास्थ्य उनकी प्राथमिकता है और आगे भी ऐसे शिविर लगाए जाते रहेंगे।
शिक्षा को बनाया मजबूत भविष्य की नींव
विधायक सुरेंद्र चौरसिया का मानना है कि शिक्षा के बिना विकास अधूरा है। इसी सोच के तहत उन्होंने—स्कूल भवनों का निर्माण जर्जर स्कूलों का कायाकल्प शौचालय, पेयजल और फर्नीचर की व्यवस्था बच्चों के लिए बेहतर शैक्षणिक माहौल पर विशेष ध्यान दिया। आज रामपुर कारखाना क्षेत्र में शिक्षा का स्तर लगातार बेहतर हो रहा है।
जनता के बीच रहने वाला विधायक
सुरेंद्र चौरसिया की सबसे बड़ी ताकत उनकी सुलभता है।
वे बिना किसी औपचारिकता के जनता से मिलते हैं
शिकायतों को गंभीरता से सुनते हैं
अधिकारियों से तुरंत कार्रवाई कराते हैं
यही कारण है कि लोग उन्हें सिर्फ विधायक नहीं, बल्कि अपना आदमी मानते हैं।
देवरिया जिले की सातों सीटों में अव्वल रामपुर कारखाना
आज जब देवरिया जिले की सातों विधानसभा क्षेत्रों की बात होती है, तो विकास कार्यों में रामपुर कारखाना विधानसभा सबसे आगे नजर आती है। यह उपलब्धि सिर्फ सरकारी योजनाओं की नहीं, बल्कि विधायक सुरेंद्र चौरसिया की कार्यशैली, निगरानी और प्रतिबद्धता का परिणाम है।
भाजपा की नीतियों को जमीन पर उतारने का काम
सुरेंद्र चौरसिया ने भाजपा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को ईमानदारी से लागू कराया—
गरीबों को आवास
उज्ज्वला योजना
किसान योजनाएं
वृद्धा, विधवा और दिव्यांग पेंशन
हर योजना का लाभ पात्र व्यक्ति तक पहुंचे, इसके लिए उन्होंने लगातार निगरानी रखी।
युवाओं के लिए उम्मीद की किरण
युवाओं को रोजगार और आत्मनिर्भर बनाने के लिए भी विधायक ने कई प्रयास किए।
वे युवाओं को शिक्षा, प्रशिक्षण और सरकारी योजनाओं से जोड़ने का कार्य कर रहे हैं ताकि रामपुर कारखाना का युवा खुद का भविष्य खुद गढ़ सके।
संघर्ष से सफलता तक प्रेरणा की कहानी
सुरेंद्र चौरसिया की कहानी उन लाखों युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो छोटे गांवों से बड़े सपने देखते हैं।उन्होंने साबित कर दिया कि—राजनीति सेवा का माध्यम बन सकती है ईमानदारी आज भी जिंदा है जनता का विश्वास सबसे बड़ी पूंजी है आने वाले समय की बड़ी योजनाएं
विधायक सुरेंद्र चौरसिया का कहना है कि उनका सफर अभी रुका नहीं है। आने वाले समय में—
और बेहतर सड़क नेटवर्क
शिक्षा व स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार
युवाओं के लिए रोजगार के अवसर
ग्रामीण विकास की नई योजनाएं
रामपुर कारखाना विधानसभा को देवरिया जिले का सबसे विकसित क्षेत्र बनाने का लक्ष्य तय किया गया है।
जनता का विश्वास, विकास की पहचान
आज रामपुर कारखाना विधानसभा सिर्फ एक क्षेत्र नहीं, बल्कि विकास, भरोसे और ईमानदार नेतृत्व की पहचान बन चुकी है।इस पहचान के पीछे जिस व्यक्ति का सबसे बड़ा योगदान है, वह हैं— भाजपा विधायक सुरेंद्र चौरसिया।छोटे गांव से निकला युवक जब बड़े सपनों के साथ जनता की सेवा करता है, तो इतिहास बनता है… और रामपुर कारखाना उसी इतिहास का जीवंत उदाहरण है।

